कृष्ण और किसान

                हाँ, कृष्ण किसान थे!...


 
  
                                                           
यह किसी व्यक्ति का कथन नहीं, यह भाषा विज्ञान कहता है!..किसान शब्द का व्युत्पत्तिगत रूप यही बताता है। अगर नहीं तो आप बताएँ किसान शब्द की व्युत्पत्ति क्या होगी?...कैसे होगी?.. जी, कृषक शब्द से किसान शब्द नहीं बना, नहीं बन सकता!..अगर बन सकता है तो बताइए कैसे?...लेकिन कृष्ण शब्द से किसान बन सकता है, बना है! 

यदि निम्न व्युत्पत्ति गलत लगे तो बताइए, कैसे?...

कृष्ण---- संस्कृत (वैदिक और लौकिक)
~~~ 
कृषणा~कृशना (प्राकृत)
~~~
क्रिस्ना~ किसना (अपभ्रंश)
~~~
किसना~ किसन (अवहट्ट~पुरानी हिंदी)
~~~~
किसान (ध्वनि विपर्यय से- हिंदी)

जी, ठीक जाना, समझा आपने!....
कृष्ण का मतलब किसान!
मान भी लो भाई!..भगवान का दिया खाते हो, कहते हो न!
सही कहते हो, किसान ही अन्नदाता है, वही तुम्हारा भगवान है!
और
तुम्हारे अन्नदाता भगवान पर आज संकट है!
उसके शत्रुओं ने आज उस पर चौतरफ़ा हमला किया है!..
अपने असली भगवान, साक्षात भगवान~ का साथ दो!!
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